मुंबई: 'C' वार्ड में अवैध निर्माणों का बोलबाला, पत्रकार की शिकायत से PMO तक मची खलबली!
मुंबई | महाकाल एक्सप्रेस न्यूज़ डेस्क
देश की सबसे अमीर महानगरपालिका (BMC) के दावों की पोल एक बार फिर खुलती नजर आ रही है। मुंबई के हृदय स्थल कहे जाने वाले 'सी' वार्ड (कालबादेवी और भुलेश्वर) में नगर निगम के नियमों को ताक पर रखकर अवैध निर्माणों का 'जंगल' खड़ा किया जा रहा है। वरिष्ठ पत्रकार और 'निर्भय पालघर' के सब-एडिटर कन्हैयालाल दुबे द्वारा किए गए खुलासे ने प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मचा दिया है
इन 5 काली इमारतों पर गिरी पत्रकार की नजर
नगर निगम के भ्रष्ट अधिकारियों और भू-माफियाओं की जुगलबंदी का नतीजा है कि इन संकरी गलियों में नियमों को ठेंगा दिखाया जा रहा है। जांच में निम्नलिखित स्थलों पर भारी उल्लंघन पाया गया:
नवनिधान भवन (धनजी स्ट्रीट): अवैध लोहे के ढांचों और अतिक्रमण का अड्डा।
डिजिटल साक्ष्यों के साथ PMO और CMO को घेरा
जब स्थानीय अधिकारियों ने शिकायत को अनसुना किया, तो पत्रकार कन्हैयालाल दुबे ने आधुनिक तकनीक का सहारा लेकर इन सभी अवैध निर्माणों की जियो-टैग्ड तस्वीरें सीधे प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) और मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) को भेज दी हैं। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) को भी इस मामले में शामिल किया गया है ताकि उन अधिकारियों पर नकेल कसी जा सके जो इन निर्माणों को 'मौन स्वीकृति' दे रहे हैं।
क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है?
कालबादेवी जैसे घनी आबादी वाले इलाकों में ये अवैध निर्माण न केवल गैरकानूनी हैं, बल्कि सुरक्षा की दृष्टि से एक 'टाइम बम' की तरह हैं। यदि यहाँ आग जैसी कोई अप्रिय घटना होती है, तो इन अवैध ढांचों के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन असंभव हो जाएगा।
"हमारा प्रयास है कि मुंबई को इन अवैध निर्माणों के खतरों से बचाया जाए। यदि BMC के 'सी' वार्ड ऑफिसर ४८ घंटों में कार्यवाही नहीं करते, तो यह मामला हाई कोर्ट और लोकायुक्त के दरवाजे तक जाएगा।"
— कन्हैयालाल दुबे, वरिष्ठ पत्रकार