शिक्षा तंत्र में हड़कंप: भिवंडी में 18 और ठाणे में 81 गैर-मान्यता प्राप्त विद्यालयों का सनसनीखेज खुलासा, अभिभावकों के भविष्य पर मंडराता खतरा
भिवंडी में शिक्षा माफिया का जाल: 18 अवैध प्राथमिक विद्यालय उजागर, मनपा प्रशासन की कठोर कार्रवाई की तैयारी, अभिभावकों से सतर्क रहने की मार्मिक अपील
संवाददाता कन्हैयालाल दुबे
भिवंडी शहर के शिक्षा जगत में एक बड़ा और चिंताजनक खुलासा हुआ है। महानगरपालिका प्रशासन की एक विस्तृत जांच में यह पाया गया है कि शहर में कम से कम 18 प्राथमिक विद्यालय ऐसे हैं जो बिना किसी वैध सरकारी अनुमति के धड़ल्ले से संचालित हो रहे हैं। यह गैर-कानूनी गतिविधि न केवल शिक्षा नियमों का घोर उल्लंघन है, बल्कि इन विद्यालयों में शिक्षा ग्रहण कर रहे मासूम बच्चों के भविष्य के साथ भी खिलवाड़ है। मनपा प्रशासन ने इस गंभीर मामले को अत्यंत गंभीरता से लेते हुए इन अवैध विद्यालयों के विरुद्ध तत्काल और निर्णायक कार्रवाई करने का संकल्प लिया है।
प्रशासन ने शहर के सभी नागरिकों और विशेष रूप से उन अभिभावकों से हृदयस्पर्शी अपील की है जिन्होंने अनजाने में या जानकारी के अभाव में अपने बच्चों का दाखिला इन गैर-मान्यता प्राप्त विद्यालयों में करा दिया है। प्रशासन का कहना है कि ऐसे विद्यालयों में शिक्षा प्राप्त करने से बच्चों की शैक्षणिक प्रगति बाधित हो सकती है और भविष्य में उन्हें कई तरह की मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए, अभिभावकों को आगाह किया जाता है कि वे तुरंत इन विद्यालयों से अपने बच्चों का नाम वापस लें और उन्हें पास के किसी मान्यता प्राप्त और प्रतिष्ठित विद्यालय में दाखिला दिलाएं। मनपा प्रशासन यह भी सुनिश्चित कर रहा है कि इन अवैध विद्यालयों में वर्तमान में पढ़ रहे छात्रों को सुगमता से आसपास के सरकारी या मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों में समायोजित किया जा सके, ताकि उनकी शिक्षा का नुकसान न हो।
इतना ही नहीं, भिवंडी मनपा प्रशासन इन अवैध विद्यालयों के संचालकों के खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई करने की तैयारी में है। इन विद्यालयों को दंडनात्मक कार्रवाई के तहत औपचारिक नोटिस जारी कर दिए गए हैं, जिसमें उन्हें तत्काल अपना अवैध संचालन बंद करने का आदेश दिया गया है। इसके साथ ही, इन गैर-कानूनी गतिविधियों में लिप्त व्यक्तियों के खिलाफ आपराधिक मामले भी दर्ज किए जाएंगे, ताकि भविष्य में कोई और इस तरह के गैर-जिम्मेदाराना कृत्य करने की हिम्मत न कर सके। भिवंडी महानगरपालिका के प्राथमिक शिक्षा विभाग ने इस पूरे मामले की संवेदनशीलता को समझते हुए विस्तृत जानकारी सार्वजनिक की है, ताकि अभिभावक सच्चाई से अवगत हो सकें और उचित कदम उठा सकें।
ठाणे में भी शिक्षा के नाम पर धोखा: 81 अवैध विद्यालयों का पर्दाफाश, प्रशासन ने उठाया कठोर कदम, पुलिस में दर्ज कराई गई औपचारिक शिकायत
भिवंडी से पहले, पड़ोसी शहर ठाणे में भी इसी तरह के चौंकाने वाले मामले सामने आए थे। ठाणे महानगरपालिका प्रशासन ने भी अपने क्षेत्र में गहन जांच अभियान चलाया था, जिसके परिणामस्वरूप 81 ऐसे विद्यालयों का पता चला जो बिना किसी वैध सरकारी अनुमति के संचालित हो रहे थे। ठाणे मनपा प्रशासन ने इस मामले को हल्के में नहीं लिया और इन सभी 81 अवैध विद्यालयों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की। प्रशासन ने इन विद्यालयों के खिलाफ स्थानीय पुलिस थानों में विधिवत शिकायत दर्ज कराई है। इस शिकायत के आधार पर अब तक 68 विद्यालयों के खिलाफ आधिकारिक तौर पर प्रथम सूचना रिपोर्ट (FIR) दर्ज की जा चुकी है, जबकि शेष 13 विद्यालयों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया अंतिम चरण में है और जल्द ही उनके खिलाफ भी मामले दर्ज किए जाएंगे।
कानूनी कार्रवाई के साथ-साथ, ठाणे मनपा प्रशासन ने इन अवैध विद्यालयों पर आर्थिक रूप से भी दबाव बनाने की रणनीति अपनाई है। इसके तहत, इन विद्यालयों के पानी की आपूर्ति को तत्काल प्रभाव से काट दिया गया है, ताकि उन्हें अपना अवैध संचालन जारी रखने में कठिनाई हो। इतना ही नहीं, महानगरपालिका के अतिक्रमण विभाग को भी इन विद्यालयों के अवैध निर्माणों पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है, जिसके तहत जल्द ही इन अवैध ढांचों को ध्वस्त किया जा सकता है। ठाणे मनपा की इस कठोर कार्रवाई का उद्देश्य यह स्पष्ट संदेश देना है कि शिक्षा के क्षेत्र में किसी भी प्रकार की अनियमितता और गैर-कानूनी गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
भिवंडी के गैर-कानूनी विद्यालयों की सूची: अभिभावकों से सत्यापन करने की अपील
भिवंडी महानगरपालिका द्वारा जारी की गई उन 18 गैर-कानूनी प्राथमिक विद्यालयों की विस्तृत सूची इस प्रकार है, ताकि अभिभावक सतर्क रहें और इन विद्यालयों में अपने बच्चों का दाखिला कराने से बचें:
* रॉयल इंग्लिश स्कूल (पटेल कंपाउंड, धामणकरनाका, भिवंडी)
* नोबेल इंग्लिश स्कूल (अवाचितपाड़ा, भिवंडी)
* अलराजा उर्दू प्राइमरी स्कूल (गैबीनगर, भिवंडी)
* मराठी प्राइमरी स्कूल (पाइप लाइन, टेमघर, भिवंडी)
* इंग्लिश प्राइमरी और सेकंडरी स्कूल (पाइप लाइन, टेमघर, भिवंडी)
* द लर्निंग प्राइमरी स्कूल (टेमघर पाड़ा, भिवंडी)
* एकता इंग्लिश पब्लिक स्कूल (फातिमा नगर, नागांव, भिवंडी)
* एकता उर्दू पब्लिक स्कूल (फातिमा नगर, नागांव, भिवंडी)
* एआर रहमान उर्दू प्राइमरी स्कूल (फातिमा नगर, नागांव, भिवंडी)
* जवेरिया उर्दू प्राइमरी स्कूल (गैबी नगर, भिवंडी)
* विवेकानंद इंग्लिश सेकंडरी स्कूल (नई बस्ती, भिवंडी)
* डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम इंग्लिश प्राइमरी स्कूल (रावजी नगर, पावर हाउस के पास, भिवंडी)
* अलहिदया पब्लिक प्राइमरी स्कूल (पटेल नगर, बाला कंपाउंड, भिवंडी)
* तहजीब इंग्लिश प्राइमरी स्कूल (जैतनपुरा, भिवंडी)
* इकरा इस्लामी मकतब स्कूल (नदी नाका, भिवंडी)
* कैसर बेगम इंग्लिश स्कूल (नागांव, सहारा होटल के पास, भिवंडी)
* फरहान इंग्लिश प्राइमरी स्कूल (दीवान शाह दरगाह रोड, भिवंडी)
* गीतांजलि सेकंडरी स्कूल (गायत्री नगर और हलेदावी, भिवंडी)
यह घटनाक्रम शिक्षा के क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही की आवश्यकता को रेखांकित करता है। अभिभावकों को भी अपने बच्चों के भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए अधिक सतर्क और जागरूक रहने की आवश्यकता है। किसी भी विद्यालय में दाखिला कराने से पहले उसकी मान्यता और सरकारी अनुमति की जांच करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। शिक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन द्वारा उठाए जा रहे ये कदम निश्चित रूप से शिक्षा के क्षेत्र में व्याप्त अनियमितताओं को दूर करने और छात्रों के भविष्य को सुरक्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
टिप्पणियाँ