वसई में मादक पदार्थों का बड़ा जखीरा बरामद, अंतर्राष्ट्रीय तस्कर गिरफ्त में।।

वसई (महाराष्ट्र): मीरा भयंदर वसई विरार पुलिस आयुक्तालय ने मादक पदार्थों के विरुद्ध अपनी मुहिम को और धार देते हुए एक महत्वपूर्ण सफलता अर्जित की है। पुलिस उपायुक्त अविनाश अम्बुरे के कुशल नेतृत्व में वसई स्थित एवरशाइन क्षेत्र में एक सनसनीखेज कार्रवाई को अंजाम दिया गया,
 जिसके परिणामस्वरूप 11 करोड़ 58 लाख 41 हजार रुपये मूल्य के प्रतिबंधित ड्रग्स का विशाल भंडार बरामद हुआ है। इस मामले में एक नाइजीरियाई नागरिक, जिसकी पहचान विक्टर ऑडिचिनमा ओनुवाला उर्फ़ डाइक रेमंड के रूप में हुई है, को गिरफ्तार किया गया है।
विश्वसनीय सूत्रों से प्राप्त जानकारी के आधार पर, अपराध शाखा-2 की टीम ने, जिसमें पुलिस निरीक्षक समीर अहिरवार और सहायक पुलिस निरीक्षक सोपान पाटिल जैसे तेजतर्रार अधिकारी शामिल थे, वसई पूर्व के महेश अपार्टमेंट में दबिश दी। इस साहसिक कार्रवाई में पुलिस हवालदार सचिन पाटिल की भूमिका विशेष रूप से उल्लेखनीय रही, जिनकी सटीक सूचना और तत्परता ने इस बड़ी कामयाबी को सुनिश्चित किया। पुलिस आयुक्त मधुकर पाण्डेय के मार्गदर्शन और उपायुक्त अम्बुरे की सूक्ष्म निगरानी में इस ऑपरेशन की सफलता ने पुलिस बल के मनोबल को ऊंचा किया है।
छापेमारी के दौरान, आरोपी के आवास से 22 किलो 865 ग्राम मिफीड्रोन, जो कि एक अत्यंत घातक सिंथेटिक ड्रग है, और 48 ग्राम कोकीन जब्त की गई है। इन मादक पदार्थों का संयुक्त बाजार मूल्य ग्यारह करोड़ रुपये से अधिक आंका गया है, जो इस जब्ती की गंभीरता और तस्करों के अंतर्राष्ट्रीय नेटवर्क की व्यापकता को दर्शाता है।
इस संदर्भ में, पुलिस उपायुक्त अविनाश अम्बुरे ने अपनी टीम की कर्तव्यनिष्ठा और व्यावसायिकता की सराहना की है। उन्होंने विशेष रूप से हवालदार सचिन पाटिल के योगदान को रेखांकित किया, जिनकी सतर्कता ने इस महत्वपूर्ण गिरफ्तारी को संभव बनाया। यह घटनाक्रम न केवल वसई क्षेत्र में बल्कि বৃহত্তর मुंबई क्षेत्र में भी मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक मजबूत संदेश देता है।
पुलिस अब इस बात की गहन जांच कर रही है कि इस विशाल खेप का स्रोत क्या था और गिरफ्तार तस्कर के अंतर्राष्ट्रीय ड्रग सिंडिकेट से क्या संबंध हैं। इतनी बड़ी मात्रा में ड्रग्स की बरामदगी ने सुरक्षा एजेंसियों के समक्ष कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिनकी तह तक जाना आवश्यक है। यह आशंका जताई जा रही है कि यह बरामदगी किसी बड़े अंतर्राष्ट्रीय ड्रग तस्करी रैकेट का हिस्सा हो सकती है, जिसके अन्य सदस्यों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस हर संभव प्रयास कर रही है।
यह सफलता मीरा भयंदर वसई विरार पुलिस आयुक्तालय की मादक पदार्थों के खिलाफ जारी जंग में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हो सकती है।
इस घटना ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि मादक पदार्थों के तस्कर किस प्रकार नए-नए तरीकों का इस्तेमाल कर रहे हैं और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अपने नेटवर्क का विस्तार कर रहे हैं। पुलिस की यह कार्रवाई न केवल एक बड़ी सफलता है, बल्कि यह समाज के सभी वर्गों के लिए एक चेतावनी भी है कि इस बुराई के खिलाफ एकजुट होकर लड़ने की आवश्यकता है।
रिपोर्ट: कन्हैयालाल दुबे (KLDUBEY)

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